कोरोना से प्रभावित अधिवक्ताओं के इलाज का खर्चा उठायेगी प्रदेश सरकार - ब्रजेश पाठक


उत्तर प्रदेश के विधायी एवं न्याय, ग्रामीण अभियन्त्रण विभाग के मंत्री श्री ब्रजेश पाठक ने कहा कि अधिवक्ताओं की समस्या का निस्तारण प्रदेश सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने कहा कि अधिवक्ता समाज में  अपना महत्वपूर्ण योगदान देते है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि  मृतक अधिवक्ताओं को क्लेम (दावा)  से सम्बन्धित 5 लाख रूपये के भुगतान की कार्यवाही सुनिश्चित कराये और उनका भुगतान  शीघ्रता से कराया जाय।
विधायी एवं न्याय मंत्री आज विधान भवन स्थित  अपने कार्यालय में बार काउंसिल उ0प्र0  सदस्यों के साथ  बैठक कर रहे थे।  उन्होेेंने कहा यदि कोई अधिवक्ता कोरोना से प्रभावित पाया जाता है तो उनके इलाज का खर्चा प्रदेश सरकार उठायेगी। उन्होंने कहा कि कोरोना वैश्विक महामारी में प्रदेश सरकार अधिवक्ताओं के साथ खड़ी  है। उन्होंने कहा कि इस देश एवं प्रदेश की न्याय प्रक्रिया में अधिवक्ताओं का महत्वपूर्ण योगदान है। लोगों को न्याय दिलाना और दोषियों को सजा दिलाना इनका प्रमुख कर्तव्य है। राज्य सरकार  वकीलों के संरक्षण के प्रति पूरी तरह गम्भीर है।
विधायी एवं न्याय मंत्री ने न्यासी समिति से कहा कि वे बीसीआई द्वारा  बनाये गये प्राविधान जो कि परीक्षा पास के उपरान्त  अधिवक्ताओं को 5 हजार रूपये दिये जाने का है, को हटाते हुए  जनपदों एवं तहसीलो मे कार्यरत उन

अधिवक्ताओं जिनका 03 वर्ष का राजिस्ट्रशेन हो, उनको 5 हजार रूपये की व्यवस्था बनायी जाये।
इस बैठक में विधायी एवं न्यायिक एवं न्याय के प्रमुख सचिव श्री जे0पी0 सिंह, एडिशनल एलआर श्री राजेशपति त्रिपाठी, श्री अजय कुमार शाही, अपर महाधिवक्ता श्री कुलदीप पति त्रिपाठी उत्तर प्रदेश बार काउंसिल के सदस्य श्री प्रशांत अटल, ह्नदय नारायण पाण्डेय, श्री जय नारायण पाण्डेय सहित वरिष्ठ न्याय विभाग के अन्य अधिकारीगण तथा बार काउंसिल के सदस्य उपस्थित थे।