गोरखपुर मे होलिकोत्सव का पर्व 19 मार्च मनाया जाएगा

गोरखपुर, सामाजिक समरसता, सदभाव, भाईचारा और सौहार्द के रंगों से सराबोर होलिकोत्सव का पर्व 19 मार्च, 2022 शनिवार को मनाया जाएगा। इसके पूर्व बुराई पर अच्छाई के प्रतीक की परंपरा होलिकादहन का निर्वहन 17 मार्च की रात्रि 12:57 बजे के बाद किया जाएगा।

 यह जानकारी गोरखनाथ मंदिर के प्रधान पुजारी योगी कमलनाथ ने दी है। उन्होंने उत्सव हेतु नियत तिथि की तात्विक विवेचना करते हुए बताया कि इस वर्ष श्रीशुभ संवत 2078 शक 1943 में फाल्गुन मास, शुक्लपक्ष चतुर्दशी तिथि 17 मार्च, गुरुवार को दिन में 1:02 बजे पूर्णिमा तिथि में परिवर्तित हो जाएगी। इसके बाद दिन में 1:03 बजे से भद्रा प्रारंभ हो जाएगी जो रात्रि में 12:57 बजे तक रहेगी। योगी कमलनाथ ने बताया कि चूंकि भद्रा समाप्ति के पूर्व रात 12 बजे से दिनांक बदलकर 18 मार्च हो जाएगा इसलिए 18 मार्च को रात्रि ध्ब्रह्म मुहुर्त 12:57 बजे के बाद होलिकादहन किया जाएगा। इसी क्रम में 18 मार्च, शुक्रवार के दिन होलिका का मान बना रहेगा। पूर्णिमा तिथि 18 मार्च, शुक्रवार को दिन में 12:57 बजे तक बनी रहेगी। शुक्रवार को उदय प्रतिपदा न होने के कारण अगले दिन अर्थात शनिवार 19 मार्च को  होलिकोत्सव मनाया जाएगा।योगी कमलनाथ ने श्प्राप्ते मद्युमासे तु प्रतिपदुदिते रवौश् का अनुसरण करते हुए बताया कि शास्त्रमत के अनुसार चैत्र मास कृष्णपक्ष प्रतिपदा तिथि होने पर होलिकोत्सव मनाया जाता है। 

इस प्रकार इस वर्ष 19 मार्च शनिवार को चैत्र कृष्ण प्रतिपदा प्राप्त होने पर अंग मे विभूति धारण करते हुए रंगोत्सव मनाया जाएगा।