प्रदेश स्तर पर अप्रेंटिसशिप मेला का सफल आयोजन

सम्पूर्ण प्रदेश में आज दिनाँक 21 अप्रैल, 2022 को अप्रेन्टिसशिप मेले का आयोजन किया गया, जिसमें लगभग 50,000 से अधिक अभ्यर्थियों द्वारा भाग लिया गया, लगभग 2500 अधिष्ठानों/नियोजकों द्वारा प्रतिभाग किया गया । आज के मेले के दौरान लगभग 27,000 अभ्यर्थियों द्वारा पंजीकरण कराया गया तथा लगभग 1400 अधिष्ठानों द्वारा पंजीकरण कराया गया, जिसमें 12,000 से अधिक सींटे क्रियेट हुई । आज के मेलें में लगभग 11,000 अभ्यर्थियों एवं नियोजकों की मैचमेकिंग हुई तथा लगभग 1500 कान्ट्रेक्ट जनरेट किये गये हैं । समाचार लिखे जाने तक पोर्टल पर फीडिंग कार्य चल रहा है।

प्रदेश के व्यावसायिक शिक्षा एवं कौशल विकास मंत्री श्री कपिल देव अग्रवाल जी द्वारा राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान, अलीगंज-लखनऊ में अप्रेन्टिसशिप मेले का शुभारम्भ किया गया और प्रतिभागी अभ्यर्थियों का उत्साहवर्धन करते हुए बताया गया कि प्रदेश सरकार युवाओं के कौशल विकास एवं रोजगार के लिए कटिबद्ध है । इसी प्रकार प्रदेश के प्रत्येक जनपद में माननीय प्रतिनिधियों द्वारा मेले का उद्याटन/शुभारम्भ किया गया । मेले में भाग लेने वाले कुछ महत्वपूर्ण कम्पनियाँ जैसे सैमसंग इण्डिया, यामहा इण्डिया, टाटा मोटर्स, रिलायन्स, टाटा मार्काेपोलो, सुजिकी मोटर्स, के0टी0एल एवं एच0ए0एल आदि है। उद्यमियों द्वारा मेले में शामिल होने पर प्रसन्नता व्यक्त की गयी  कि तथा कहा गया कि  मेले के बाद अभ्यर्थियों से मिलकर बात करने का अवसर मिला ।
व्यावसायिक शिक्षा एवं कौशल विकास के प्रमुख सचिव श्री अमृत अभिजात द्वारा कहा गया कि टेक्नालाजी के तेजी से विकास होने के कारण स्किल मैनपावर को समय की माँग के अनुसार तैयार किया जाना है । जिसको अप्रेन्टिस के माध्यम से उद्योगों/अधिष्ठानों में प्रशिक्षित कर पूर्ण कराया जा सकता है । उन्होंने बताया कि यह अप्रेन्टिस मेला उद्योगों/अधिष्ठानों और प्रशिक्षित युवाओं को आपस में मिलाने और समझने की एक अच्छी पहल है । अप्रेंटसशिप मेले मे प्रतिभाग करने की न्यूनतम योग्यता 5वीं उत्तीर्ण तथा न्यूनतम आयु 14 वर्ष है । इस मेले में पूर्व प्रशिक्षण या अनुभव आवश्यक नही है । अप्रेंटिस करने के लाभ की जानकारी देते हुए बताया कि कि अप्रेंटिस को उद्योगों मे रोजगार एवं व्यावसायिक प्रशिक्षण गढ़ने, अप्रेंटिशिप के दौरान ही वातावरण अनुकूलन, रोजगारपरक स्किल को सीखने व गढ़ने का अवसर, अप्रेंटसशिप के दौरान अर्जित कौशल से ज्ञान व आत्मविश्वास में वृद्धि तथा सम्बन्धित उद्योग/अधिष्ठान मे अप्रेंटिसशिप के पश्चात रोजगार की बेहतर संभावनाये होती है ।
श्री चौरसिया ने अप्रेंटिसशिप से उद्योगों को लाभ की जानकारी देते हुए बताया कि अप्रेंटिसशिप से उद्योगों को अपने उद्योग/अधिष्ठान की आवश्यकता के अनुरूप युवाओं को प्रशिक्षित करने का अवसर, अप्रेंटिसशिप के माध्यम से उत्पादन क्षमता में वृद्धि, अत्यंत ही कम व्यय पर कुशल जनशक्ति की उपलब्धता, अप्रेन्टिस को देय धनराशि के सापेक्ष अधिकतम 2500 रूपये प्रतिमाह की प्रतिपूर्ति, अप्रेन्टिस को किया जाने वाला भुगतान ईपीएफ व ईएसआई के प्राविधानों से अच्छादित नही तथा अप्रेटिसशिप का समस्त व्यय सीएसआर के अन्तर्गत सम्मिलित किया जा सकता है ।
अप्रेन्टिस सेल की पी0एम0यू0 हेड सुश्री शबीना बानों ने कहा कि युवाओं को रोजगार हेतु बढ़ावा देने के लिए शिशिक्षुता एक लाभकारी योजना है । जिससे आत्मनिर्भर का सपना साकार होता है 
प्रेन्टिसशिप मेले में लगभग कुल 4500 अभ्यर्थियों ने किया प्रतिभाग 
कोविड-19 गाइडलाइन का पालन करते हुए व्यावसायिक शिक्षा एवं कौशल विकास विभाग, उ0प्र0, जिला उद्योग एवं निर्यात प्रोत्साहन केन्द्र, लखनऊ एवं क्षेत्रीय सेवायोजन कार्यालय, लखनऊ के विशेष पहल द्वारा विभिन्न व्यवसायों से आई0टी0आई0 उत्तीर्ण एवं फ्रेशर अभ्यर्थियों के 84 कम्पनियों के द्वारा राष्ट्रीय स्तरीय शिशिक्षु मेले का आयोजन जनपद के नोडल राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान, अलीगंज, लखनऊ में सम्पन्न हुआ। जिसका उद्घाटन मुख्य अतिथि श्री कपिल देव अग्रवाल, माननीय राज्यमन्त्री (स्वतन्त्र प्रभार), व्यावसायिक शिक्षा एवं कौशल विकास के द्वारा किया गया तथा अपने सम्बोधन में कहा कि मुख्यमंत्री मिशन रोजगार योजना के अन्तर्गत जनसामान्य को अल्पकालीन रोजगार के अवसर से जोडने एवं स्किल को बढाने का अप्रेन्टिस एक माध्यम है। इस कार्यक्रम में श्रीमती संयुक्ता भाटिया, महापौर लखनऊ ने राजकीय आई0टी0आई0 अलीगंज, लखनऊ के मेन गेट के सामने के चौराहे का नाम आई0टी0आई0 चौराहा किया जायेगा। डॉ0 नीरज बोरा, माननीय विधायक, उत्तरी-लखनऊ, ने अपने सम्बोधन में प्रशिक्षार्थियो को मेहनत से प्रशिक्षण प्राप्त कर समाज में योगदान के लिए प्ररित किया गया तथा सरकार की उपलब्धियों के बारे मे बताया गया, श्री रंजन कुमार, मण्डलायुक्त, लखनऊ मण्डल, लखनऊ ने कम्पनियों के निरीक्षण के दौरान स्किल गैप को कम करने के लिए उद्योग प्रतिनिधियों की बैठक कराकर स्किल को बढाया जाये, श्री हरिकेश चौरसिया, निदेशक, प्रशिक्षण एवं सेवायोजन, उ0प्र0 ने निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री मिशन रोजगार योजना के माध्यम से रोजगार एवं शिशिक्षुओं की संख्या को बढाने के लिए प्रत्येक माह जनपद के नोडल आई0टी0आई0 मे कम से कम 4 रोजगार/शिशिक्षु मेले आयोजित किये जा रहे है जिसके परिणाम भी दिख रहे है, इस अवसर पर श्री नीरज कुमार, अपर निदेशक, प्रशिक्षण एवं सेवायोजन, उ0प्र0, श्री एस0 सी0 तिवारी, संयुक्त निदेशक (प्रशिक्षण/शिशिक्षु) लखनऊ मण्डल, लखनऊ, श्री मनोज कुमार चौरसिया, उपायुक्त, जिला उद्योग एवं निर्यात प्रोत्साहन केन्द्र, लखनऊ, श्री आर0 एन0 त्रिपाठी, नोडल प्रधानाचार्य, राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान, अलीगंज, लखनऊ, श्री ओ0 पी0 सिंह, प्रधानाचार्य, राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान, चारबाग, लखनऊ एवं श्री एस0 पी0 सिंह, प्रधानाचार्य, राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान, मलीहाबाद, लखनऊ का विशेष सहयोग प्राप्त हुआ।
ट्रेनिंग काउंसलिंग एवं प्लेसमेन्ट अधिकारी श्री एम0 ए0 खाँ ने बताया कि अप्रेन्टिसशिप मेले में लगभग कुल 4500 अभ्यर्थियों ने प्रतिभाग किया जिसमें से 580 दूसरे जनपद/राज्य के प्रशिक्षार्थियों का मैचमेकिंग कराया गया तथा 517 लखनऊ जनपद के प्रशिक्षार्थियांे का मैचमेकिंग कराया गया। इस प्रकार कुल 1097 लोगों को शिशिक्षु के रूप में अल्पकालीन रोजगार के उवसर से लाभान्वित कराये जाने का कार्य हुआ, शिशिक्षु मेले को सफल बनाने के श्री एम0 ए0 खाँ ने समस्त कर्मचारियों/अधिकारियों को धन्यवाद दिया।

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